कण कण में

कण कण में विष्णु बसे,जन जन में श्री राम,
प्राणों में मां जानकी,तन मे बसे हनुमान.
'जय श्री राम"

हारने ना देना

हारने ना देना मेरे प्रभु ..
कठिन इम्तेहान है
जीत में ही प्रभु....
हम दोनों का मान है
क्योंकि आपके भरोसे हूँ मैं..
यही मेरी पहचान है।।

💐💐जो महाकाल को

💐💐जो महाकाल को दिल देता है,💐💐
💐महाकाल उसे दिल से देता है,💐💐💐
💐💐💐जय श्री महाकाल💐💐💐💐

खुदा भी न

खुदा भी न जाने कैसे रिश्ते बना देता है,
अंजानो को दिल में बसा देता है,
जिनको हम जानते भी न थे,
उन्हें जान से भी ज्यादा प्यारा बना देता है.

जो समुंदर के

जो समुंदर के मुसाफिर हैं वो तूफान नहीं देखते
मिट्टी के घरों में रहने वाले ऊंचे मकान नहीं देखते
दूसरों पर उंगली उठाना तो जैसे आदत है उनकी
बड़े शरीफ़ लोग हैं, ये अपने गिरेबान नहीं देखते
मौसम ने रंग बदलने की फ़ितरत इनसे सीखी है
ये झूठे लोग हैं कभी अपनी ज़बान नहीं देखते
रास्ते कितने भी मुश्किल हों वो पीछे नहीं हटते
तरक़्क़ी पसन्द लोग अपनी थकान नहीं देखते
अगर दिल में लगन है तो मन्ज़िल मिल जाती है
मुसाफ़िर चल पड़ते हैं पैरों के निशान नहीं देखते

ज़िन्दगी भी एक

ज़िन्दगी भी एक खेल है
बचपन:- तोता उड़ मैना उड़
जवानी: - नींद उड़ चैन उड़
बुढ़ापा: - बाल उड़ दांत उड़

आँखों में रहा

आँखों में रहा दिल में उतर कर नहीं देखा,
कश्ती के मुसाफिर ने समंदर नहीं देखा,
पत्थर मुझे कहता है मेरा चाहने वाला,
मैं मोम हूँ उसने मुझे छू कर नहीं देखा..

तकदीर को जब

तकदीर को जब बदलना है,बदल जायेगी…

फिलहाल लगा हुआ हुँ
आदत बदलने में”!

अनकहे शब्दों के

अनकहे शब्दों के बोझ से थक जाता हूँ कभी…..

ना जाने खामोश रहना समझदारी है या मजबूरी..??