तराशा है – Shayari on Beauty

तराशा है - Shayari on Beauty - सुंदरता पर शायरी

तराशा है उनको बड़ी फुर्सत से,
जुल्फे जो उनकी बादल की याद दिला दे,
नज़र भर देख ले जो वोह किसी को,
नेकदिल इंसान की भी नियत हिला दे…

हे कृष्णा तुम कब आओगे

Happy Janamashtami - हे कृष्णा तुम कब आओगे

चढ़ा हुआ कलयुग का सूरज कितने और जलाओगे,
धरती की रक्षा की खातिर हे कृष्णा! तुम कब आओगे।
बुझा दिए अरमा लाखों है कितने और बुझाओगे,
फंसे हुए इस कालचक्र में कब तुम हमे बचाओगे।
जन्म से ही लग गया कलंक खुशियों का खो गया चमन,
काटों भरा हो गया जहां गुल तुम कब खिलाओगे।
मर चूका इंसान यहां पे भरे है बस हैवान,
पाठ पढ़ाने इंसानियत का जाने तुम कब आओगे।
हे कृष्णा तुम कब आओगे!